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स्पर्श और दर्द महसूस करनेवाला बच्चे की शक्ल का रोबोट

person access_timeFeb 26, 2020 chat_bubble_outline0

रोबोट का नाम 'एफेट्टो' है, इटैलियन में इस शब्द का मतलब एफेक्शन यानी प्यार होता है। एफेट्टो को 2011 में तैयार किया था, 2018 तक आते आते  इसमें कई बदलाव एवं सुधार किए गए हैं।

टोक्यो। जापानी  वैज्ञानिकों ने  एंड्रॉइड बेस्ड एक ऐसा शिशु रोबोट बनाया है जो दर्द महसूस कर सकता है। इसे बनाने वाले वैज्ञानिको का दावा है कि वह दिन दूर नहीं जब इंसान रोबोट के साथ रहने लगेगा। वैज्ञानिकों के अनुसार कि इंसानों के जैसा रोबोट का होना अब कोई नई बात नहीं रह गयी है, लेकिन रोबोट में फीलिंग (भावना) लाना बहुत बड़ी कामयाबी है। ओसाका यूनिवर्सिटी की टीम ने ऐसे ही शिशुरूपी रोबोट का एक निर्माण  किया है।


इसके निर्माता प्रोफेसर असादा ने इसको 'एफेट्टो' नाम दिया है। इटैलियन भाषा के इस शब्द का अर्थ 'एफेक्शन' अर्थात प्यार / स्नेह होता है। उनकी टीम ने रोबोट का चेहरा बनाया है। यह कोमल स्पर्श और कठोर स्पर्श की पहचान कर लेता है और स्पर्श अनुसार इसके चेहरे पर विभिन्न भाव आते जाते हैं। एफेट्टो को 2011 में प्रस्तुत किया गया था। इसके बाद 2018 तक इसमें कई सारे बदलाव किए गए। इसमें इलेक्ट्रिकल चार्ज के जरिए सिंथेटिक स्किन लगाई गई है इसके जरिए ही यह दर्द को महसूस कर  सकता है।


प्रोफेसर असादा ने बताया कि उन्होंने रोबोट एक स्पर्श और दर्द तंत्रिका तंत्र एम्बेड किया हैं, ताकि रोबोट दर्द को महसूस कर सके और दूसरों के द्वारा छुए जाने को भी महसूस कर सके। अगर इसमें आशातीत कामयाबी मिली तो हम देखेंगे कि क्या इसमें सहानुभूति और नैतिकता भी विकसित की जा सकती है। उन्होंने बताया कि हम इंटेलिजेंट रोबोट्स के साथ सिम्बाइटिक सोसाइटी बनाने का लक्ष्य रख रहे हैं। उनके अनुसार यदि हम इसमें कामयाब हुए तो इस प्रकार के रोबोट जापान के वृद्ध समाज को भावनात्मक और शारीरिक सहायता प्रदान कर सकते हैं।

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